Virat Kohli: यदि आप विराट कोहली के प्रशंसक हैं, तो यह खबर आपके लिए निराशाजनक हो सकती है। लेकिन अगर आप किंग कोहली के फैन नहीं हैं, तो भी आप इस बात को स्वीकार करेंगे कि किंग कोहली सफेद बॉल क्रिकेट के महान खिलाड़ियों में से एक हैं। अब किंग कोहली केवल वनडे मैचों में भारत के लिए खेलते हैं। इस साल मई में, कोहली ने टेस्ट क्रिकेट को अलविदा कह दिया था। आप सोच सकते हैं कि आपको यह सब पता हैं, तो फिर इसका क्या महत्व है। असल में, “जियोहॉटस्टार पर राइज ऑफ चैंपियंस” कार्यक्रम में पूर्व ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर टॉम मूडी ने भारतीय स्टार क्रिकेटर किंग कोहली के कप्तानी के वक्त को लेकर चौकाने वाला बयान दिया।
टॉम मूडी ने Virat Kohli के कप्तानी के दौर को निराशाजनक बताया
आईपीएल यानी इंडियन प्रीमियम लीग में 2016 में सनराइजर्स हैदराबाद को विजेता बनाने वाले टीम के हेड कोच रहे टॉम मूडी ने विराट कोहली के कप्तानी को निराशाजनक बताया। टॉम मूडी ने कहा, “विराट कोहली का दौर बहुत सी उम्मीदों वाला था, लेकिन अंततः निराशा ही मिली।”
पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान और 2021 टी20 वर्ल्ड कप विजेता एरॉन फिंच ने कहा, “जब आपके पास इतनी अनुभवी और कुशल भारतीय टीम होती है, तो लोग टीम की लिस्ट देखकर मान लेते हैं कि उन्हें जीतना ही है। यह एक बेहतरीन टीम है, लेकिन उम्मीदों का एक दबाव भी होता है।”
विराट कोहली की कप्तानी पर हरभजन सिंह ने उठाए सवाल
पूर्व भारतीय ऑफस्पिनर हरभजन सिंह ने भी किंग कोहली की कप्तानी पर अपनी राय प्रस्तुत की। वह किंग कोहली की कप्तानी से निराश दिखे, और कहा, “टेस्ट कप्तान के तौर पर बड़ी सफलता के बावजूद, व्हाइट-बॉल कप्तान के तौर पर विराट का प्रदर्शन कैसा रहा? व्हाइट-बॉल कप्तान के रूप में अपने कार्यकाल में भारत ने कोई भी बड़ी ट्रॉफी नहीं जीती। 2017 की आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में पाकिस्तान से 180 रन से हार का सामना करना पड़ा। 2019 की आईसीसी क्रिकेट वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड के खिलाफ 240 रन के मामूली लक्ष्य का पीछा करते हुए 18 रन से हार गए। आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2021 में पाकिस्तान और न्यूजीलैंड से दो बड़ी हार के बाद ग्रुप स्टेज से ही बाहर होना पड़ा।”
जानिए कैसा रहा किंग कोहली का कप्तानी में प्रदर्शन
जानकारी के मुताबिक, भारत के स्टार खिलाड़ी विराट कोहली ने 68 टेस्ट मैचों में भारतीय टीम की कप्तानी की है, जिनमें से 40 में जीत और 17 मुकाबलों में हार का सामना करना पड़ा। 11 मैच ड्रा रहे हैं। इस प्रकार उनका जीत प्रतिशत 58.82 फीसदी है। कोहली को भारत के सबसे सफल टेस्ट कप्तानों में गिना जाता है।
वहीं, एकदिवसीय मैचों की बात करें, तो कोहली ने 95 मैचों में भारत की कप्तानी की, जिसमें 65 मुकाबलों में जीत हासिल की, जबकि 27 मैचों में हार मिली। एक टाई रहा और दो का कोई परिणाम नहीं निकला। टी20 प्रारूप में किंग कोहली ने 50 मैचों में कप्तानी की और 30 मुकाबले जीते, 16 हारे, 2 मैच ड्रा रहे और 2 का कोई निर्णय नहीं निकला। टी20 में जीत का प्रतिशत 64 प्रतिशत से अधिक रहा।



