भारत के पूर्व उप प्रधानमंत्री, पूर्व रक्षा मंत्री और प्रख्यात समाज सुधारक बाबू जगजीवन राम की 40वीं पुण्यतिथि मंगलवार, 7 जुलाई को आरा में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर शहर के चंदवा मोड़ स्थित उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
परिजनों और एनसीसी कैडेट्स ने किया नमन
कार्यक्रम में बाबू जगजीवन राम के नाती एवं कांग्रेस नेता अंशुल अविजीत, कर्नल राणा प्रताप सिंह तथा संभावना आवासीय उच्च विद्यालय के एनसीसी कैडेट्स ने उनकी प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए। इस दौरान उनकी पत्नी इंद्राणी देवी की प्रतिमा पर भी माल्यार्पण किया गया।
'सामाजिक न्याय के प्रतीक थे बाबू जगजीवन राम'
श्रद्धांजलि कार्यक्रम के दौरान अंशुल अविजीत ने कहा कि बाबू जगजीवन राम सामाजिक न्याय के सबसे बड़े योद्धाओं में से एक थे। उन्होंने समाज के वंचित और कमजोर वर्गों के अधिकारों के लिए संघर्ष किया और उनके योगदान को देश हमेशा याद रखेगा।
पूर्व सैनिकों ने भी दी श्रद्धांजलि
कर्नल राणा प्रताप सिंह ने कहा कि बाबू जगजीवन राम देश के रक्षा मंत्री भी रहे और उन्होंने राष्ट्र की सेवा में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उन्होंने कहा कि पूर्व सैनिक समुदाय उनकी पुण्यतिथि पर उन्हें सम्मानपूर्वक श्रद्धांजलि अर्पित कर गर्व महसूस कर रहा है।
कई गणमान्य लोग रहे मौजूद
कार्यक्रम में बाबू जगजीवन राम के पौत्र सूर्य प्रकाश, जोगेंद्र सिंह, जय शंकर अनवर, वरिष्ठ चित्रकार संजीव सिन्हा, एसएम कन्हैया सिंह, एसएम प्रभंश राय, सबेदार दधिबल सिंह, मोहम्मद असरफ, सिलू कुमारी सहित बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक, सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने बाबू जगजीवन राम के जीवन, संघर्ष और सामाजिक योगदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए।