उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद में करोड़ों रुपये की लागत से बना रेलवे ओवरब्रिज महज दो साल के भीतर तकनीकी खराबी का शिकार हो गया है। शुक्लापुर रेलवे क्रॉसिंग पर बने ओवरब्रिज के जॉइंट में खराबी आने के बाद एहतियातन फर्रुखाबाद-कायमगंज मार्ग को करीब तीन दिनों के लिए बंद कर दिया गया है। लगातार हो रही बारिश के बीच सेतु निगम और रेलवे की टीमें संयुक्त रूप से मरम्मत कार्य में जुटी हुई हैं।
ओवरब्रिज के जॉइंट में आई तकनीकी खराबी
जानकारी के अनुसार, शुक्लापुर रेलवे क्रॉसिंग पर बने ओवरब्रिज के जॉइंट में तकनीकी समस्या सामने आई है। इसके चलते पुल के एक हिस्से का जॉइंट अपनी जगह से खिसक गया, जिससे सुरक्षा के मद्देनजर पुल पर वाहनों की आवाजाही रोक दी गई।
2024 में हुआ था लोकार्पण
करीब ₹27.49 करोड़ की लागत से तैयार इस रेलवे ओवरब्रिज का वर्ष 2024 में लोकार्पण किया गया था। इसका उद्घाटन उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने किया था। लेकिन निर्माण के महज दो साल बाद ही पुल में आई तकनीकी खामी ने इसकी गुणवत्ता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
मरम्मत के लिए तीन दिन बंद रहेगा मार्ग
ओवरब्रिज की मरम्मत के चलते फर्रुखाबाद-कायमगंज मार्ग को लगभग तीन दिनों के लिए बंद कर दिया गया है। सेतु निगम और रेलवे के इंजीनियर संयुक्त रूप से मरम्मत कार्य में लगे हैं ताकि जल्द से जल्द यातायात बहाल किया जा सके।
गुणवत्ता पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों का कहना है कि करोड़ों रुपये खर्च कर बनाए गए पुल में इतनी जल्दी तकनीकी खराबी आना गंभीर चिंता का विषय है। लोगों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच कराने और जिम्मेदार एजेंसियों की जवाबदेही तय करने की मांग की है।
DM बोले- जल्द सामान्य होगा यातायात
फर्रुखाबाद के जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने बताया कि रेलवे ओवरब्रिज के जॉइंट में तकनीकी खराबी आने के कारण यातायात अस्थायी रूप से रोका गया है। उन्होंने कहा कि रेलवे और सेतु निगम की टीमें संयुक्त रूप से मरम्मत कार्य में लगी हैं और जल्द ही पुल पर यातायात सामान्य कर दिया जाएगा।
जांच रिपोर्ट का इंतजार
फिलहाल मरम्मत कार्य युद्धस्तर पर जारी है, लेकिन सबसे बड़ा सवाल यही है कि करोड़ों रुपये की लागत से बने इस ओवरब्रिज में इतनी कम अवधि में तकनीकी खराबी कैसे आ गई। अब सभी की नजर जांच रिपोर्ट और संबंधित एजेंसियों की जवाबदेही पर टिकी है।