हजरत इमाम हुसैन की शहादत की याद में चेहल्लुम पर्व के अवसर पर जगदीशपुर नगर में मंगलवार को भव्य ताजिया जुलूस निकाला गया। नगर के विभिन्न मोहल्लों से निकली 21 आकर्षक ताजियां किला परिसर में एकत्रित हुईं, जहां हजारों लोगों ने उनका दीदार किया।
नगर के विभिन्न चौकों से निकलीं ताजियां
सरकारी चौक, पठान टोली, ख्वाजा मोहल्ला, दर्जी मोहल्ला, बिशेन टोला, कोतवाली, चिक टोली, राजा के पोखरा, सदर बाजार, मंगरी चौक सहित विभिन्न स्थानों से ताजिया जुलूस निकाला गया। सभी ताजियां किला गेट होते हुए किला परिसर पहुंचीं।
हजारों लोगों ने किया ताजियों का दीदार
ताजियों की खूबसूरत कारीगरी और आकर्षक सजावट देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग किला मैदान पहुंचे। कई लोग ताजियों की तस्वीरें और वीडियो अपने मोबाइल कैमरों में कैद करते नजर आए।
गंगा-जमुनी तहजीब की अनूठी मिसाल
चेहल्लुम के मौके पर सांप्रदायिक सौहार्द का भी अनूठा उदाहरण देखने को मिला। एक हिंदू परिवार द्वारा पूरी श्रद्धा के साथ भारत के नक्शे के स्वरूप में तैयार ताजिया निकाली गई, जो लोगों के आकर्षण का केंद्र रही।
लाठी-डंडा और तलवारबाजी का प्रदर्शन
किला मैदान में युवाओं ने पारंपरिक लाठी, डंडा और तलवारबाजी जैसी युद्ध कलाओं का प्रदर्शन किया। "या अली" और "या हुसैन" के नारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा।
सुरक्षा और सफाई के रहे विशेष इंतजाम
चेहल्लुम पर्व को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। वहीं नगर पंचायत ने जुलूस मार्ग और प्रमुख सड़कों पर विशेष साफ-सफाई की व्यवस्था कराई, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।