सारण पुलिस ने मुफस्सिल थाना क्षेत्र के चर्चित पंकज राय हत्याकांड का सफल खुलासा करते हुए मुख्य शूटर, लाइनर और बाइक चालक समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो पिस्तौल, एक देसी कट्टा, दो जिंदा कारतूस और चार मोबाइल फोन बरामद किए हैं। मामले में शामिल अन्य फरार आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है।
29 जून को हुई थी दिनदहाड़े फायरिंग
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) विनीत कुमार ने बताया कि 29 जून को मेथवलिया गांव के समीप बाइक सवार अपराधियों ने पंकज राय और उनके भाई मनीष राय पर अंधाधुंध फायरिंग की थी। हमले में पंकज राय की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि मनीष राय गंभीर रूप से घायल हो गए थे। घटना के बाद पूरे जिले में सनसनी फैल गई थी।
दोहरे अधिवक्ता हत्याकांड के गवाह थे पंकज राय
एसएसपी ने बताया कि पंकज राय चर्चित दोहरे अधिवक्ता हत्याकांड के अहम गवाह भी थे। इसी कारण इस हत्याकांड को पुलिस ने गंभीरता से लेते हुए तत्काल विशेष जांच शुरू की।
तकनीकी जांच से आरोपियों तक पहुंची पुलिस
मामले के खुलासे के लिए अपर पुलिस अधीक्षक राम पुकार सिंह के नेतृत्व में विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया। टीम ने तकनीकी अनुसंधान, वैज्ञानिक साक्ष्यों के विश्लेषण और लगातार छापेमारी के आधार पर चार आरोपियों को अलग-अलग स्थानों से गिरफ्तार किया।
मुख्य शूटर सहित चार आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने इस मामले में चौनचौरा गांव निवासी मुख्य शूटर नंदन उर्फ करीमन, रेकी करने वाले निखिल कुमार, बाइक चालक बसहिया गांव निवासी कुंदन कुमार तथा चौनचौरा गांव निवासी अंकित कुमार को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को कई अहम जानकारियां दी हैं।
जमीन विवाद से जुड़ा मिला हत्या का सुराग
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पंकज राय की हत्या के पीछे पुराना जमीन विवाद मुख्य वजह हो सकता है। हालांकि पुलिस का कहना है कि पूरे षड्यंत्र और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी गहन जांच की जा रही है।
हथियार और मोबाइल फोन बरामद
गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से दो पिस्तौल, एक देसी कट्टा, दो जिंदा कारतूस और चार मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। पुलिस बरामद हथियारों और मोबाइल फोन की फॉरेंसिक जांच कराने के साथ-साथ आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी पड़ताल कर रही है।
फरार आरोपियों की तलाश जारी
एसएसपी विनीत कुमार ने बताया कि इस हत्याकांड में शामिल अन्य फरार अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। उन्होंने कहा कि सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जाएगा। साथ ही इस मामले का सफल खुलासा करने वाली एसआईटी टीम और अन्य पुलिसकर्मियों को पुरस्कृत किया जाएगा। पुलिस स्पीडी ट्रायल के जरिए आरोपियों को जल्द सजा दिलाने का प्रयास करेगी और जिले में संगठित अपराध के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।