'बिग बॉस 19' फेम कॉमेडियन प्रणित मोरे इन दिनों अपने विवादित शो को लेकर सुर्खियों में हैं। शो में किए गए '370 की बिरयानी' वाले जोक और एक अन्य वायरल क्लिप को लेकर सोशल मीडिया पर जबरदस्त विवाद छिड़ा हुआ है। इस मामले में एफआईआर दर्ज होने और माफी मांगने के बाद अब कॉमेडियन मुनव्वर फारूकी ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है।
प्रणित मोरे के शो का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें कथित तौर पर विवादित टिप्पणियां की गई थीं। इसके अलावा एक अन्य क्लिप में एक डॉक्टर शवों को लेकर आपत्तिजनक बातें करते नजर आए। मामले को गंभीर मानते हुए प्रणित मोरे, हिमांशु जांगड़ा और सेजल पवार के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई। इसके बाद तीनों ने वीडियो जारी कर सार्वजनिक रूप से माफी भी मांगी।
मुनव्वर फारूकी ने इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक वीडियो साझा करते हुए कहा कि अब लोगों को इस मामले में थोड़ा रुक जाना चाहिए। उन्होंने कहा, "कॉमेडियन ने गलत बात कही, दर्शकों ने भी गलत कहा और बाकी लोगों ने भी कई बातें गलत कहीं। लेकिन हर चीज की एक सीमा होती है।"
मुनव्वर ने आगे कहा, "एफआईआर हो गई है, नौकरी चली गई, करियर प्रभावित हुआ, समाज में इज्जत भी चली गई। जो होना था, वह हो चुका है। अब कानून को अपना काम करने देना चाहिए।"
अपने वीडियो में मुनव्वर ने सोशल मीडिया पर लगातार हो रही आलोचना और ट्रोलिंग पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि किसी व्यक्ति को लगातार निशाना बनाना मानसिक रूप से नुकसान पहुंचा सकता है। मुनव्वर के मुताबिक, गलती की सजा कानूनी प्रक्रिया के तहत मिलनी चाहिए, लेकिन ऑनलाइन नफरत और ट्रोलिंग की भी एक सीमा होनी चाहिए।
मुनव्वर ने कहा, "जब कोई व्यक्ति मानसिक दबाव में आ जाता है, तब लोग सोचते हैं कि ऐसा कैसे हो गया। इसलिए जरूरी है कि हम किसी भी मामले में संवेदनशीलता बनाए रखें। जिनके खिलाफ कार्रवाई होनी थी, उनके खिलाफ हो चुकी है। अब आगे की प्रक्रिया कानून के हाथ में है।"
मुनव्वर फारूकी के इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर नई बहस शुरू हो गई है। कुछ लोग उनकी बात का समर्थन कर रहे हैं, जबकि कुछ का मानना है कि विवादित बयानों के खिलाफ आवाज उठाना भी जरूरी है। फिलहाल यह मामला कानूनी प्रक्रिया में है और जांच जारी है।