Muhammad Yunus: हाल ही में भारत-विरोधी शरीफ उस्मान हादी को अंतिम विदाई दी गई। इस मौके पर बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हुए थे। बांग्लादेश के अंतरिम सरकार के मुखिया मोहम्मद यूनूस भी इस दौरान मौजूद थे। जानकारी के अनुसार, उस्मान हादी का हिंसा और तख्तापलट में एक महत्वपूर्ण हाथ था। इस कारण बांग्लादेश की पूर्व पीएम शेख हसीना को भागना पड़ा था। ऐसे में मोहम्मद यूनूस ने उस्मान हादी को लेकर एक बयान दिया है, जिसने भारत में चिंता उत्पन्न कर दी है। पड़ोसी देश में अंतरिम सरकार के आने के बाद से भारत-विरोधी गतिविधियां बढ़ गई हैं, जो भारत के लिए चिंता का विषय बन चुकी हैं।
उस्मान हादी की मृत्यु पर Muhammad Yunus का व्यक्त दर्द
एनडीटीवी वर्ल्ड की एक रिपोर्ट के अनुसार, मोहम्मद यूनूस ने कहा, “प्रिय उस्मान हादी, हम आपको विदाई देने नहीं आए हैं। आप हमारे दिलों में बसे हुए हैं, और जब तक बांग्लादेश रहेगा, आप सभी बांग्लादेशियों के दिलों में रहेंगे। कोई आपको वहां से नहीं हटा सकता। लाखों लोग आज यहां आए हैं, और बांग्लादेश के करोड़ों लोग तथा विदेश में रहने वाले बांग्लादेशी इस पल का इंतजार कर रहे थे।
आप चुनाव में भाग लेना चाहते थे, और आपने हमें दिखाया कि चुनाव प्रचार कैसे किया जाना चाहिए। आपने हमें बहुत कुछ सिखाया, और हम इस शिक्षा को स्वीकार कर चुके हैं। आप कभी भुलाने वाले नहीं हैं। कोई आपको कभी नहीं भूलेगा। आप सदियों तक हमारे साथ रहेंगे, और हमें बार-बार अपने मंत्र की याद दिलाते रहेंगे।”
क्या बांग्लादेश भारत के लिए बनने जा रहा है एक चुनौती
यह ध्यान देने योग्य है कि बांग्लादेश लगातार भारत के खिलाफ उल्टे सीधे बयान पेश कर रहा है। कुछ नेता बांग्लादेश के नॉर्थ ईस्ट को अलग करने की धमकी दे रहे हैं। बांग्लादेश की निरंतर भारत-विरोधी बयानबाजी के बाद कई सवाल उठ रहे हैं। हाल ही में अल्पसंख्यकों पर हमलों में वृद्धि हुई है। हाल ही में एक हिंदू युवक को सरेआम जिंदा जलाने की घटना ने पूरी दुनिया में चर्चा उत्पन्न कर दी है। अब देखने वाली बात यह है कि भारत का रूख भविष्य में क्या होता है।



