Tata Salt पर जाँच: जिसे ‘भारत का नमक’ कहा जाता है, क्या वह भोजन के लिए सुरक्षित है? लैब परीक्षण के नतीजों से आपको हो सकता है आश्चर्य।

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Tata Salt Test: सब्जियों या दालों के स्वाद को बढ़ाने के लिए जिस तरह से तेल और मसालों की आवश्यकता होती है, उसी प्रकार नमक भी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। लेकिन क्या आप बिना सोचे-समझे किसी भी नमक का उपयोग कर रहे हैं? आपको यह भी नहीं पता कि यह नमक आपके स्वास्थ्य के लिए सही है या नहीं। ऐसे में सबसे ज्यादा लोकप्रिय टाटा साल्ट का टेस्ट किया गया। लैब टेस्ट में कुछ ऐसे खुलासे हुए जो आपको बताएंगे कि क्या आपका यह नमक शुद्ध और सुरक्षित है। वह नमक जिसे ‘भारत का नमक’ कहा जाता है, क्या इसे खाने के बाद आपके लिए कोई खतरा है।

एफएसएसए के गाइडलाइंस के मुताबिक क्या बना है भारत का नमक

Credit- Trustified

Trustified यूट्यूब चैनल पर विभिन्न चीजों की लैब टेस्टिंग की जाती है। यहां टाटा नमक का लैब टेस्ट किया गया, क्योंकि यह नमक भारत में सबसे अधिक उपयोग किया जाता है और लोग बिना सोचे-समझे इस पर भरोसा करते हैं। टाटा साल्ट टेस्ट की रिपोर्ट में बताया गया है कि क्या यह भारत की जनता के लिए सुरक्षित है या इसमें गंदगी के छोटे कण और हेवी मेटल्स पाए गए हैं। क्या इसमें मौजूद सोडियम क्लोराइड और आयोडीन एफएसएसए के गाइडलाइंस के अनुरूप हैं।

Tata Salt Test में सभी चीजों की दिखी एक्युरेसी

टाटा साल्ट टेस्ट में पाया गया कि इसमें 99.56% सोडियम क्लोराइड है, जबकि एफएसएसए के अनुसार कॉमन साल्ट में 97% से कम सोडियम क्लोराइड नहीं होना चाहिए। इसलिए, सोडियम क्लोराइड की टेस्टिंग इस पर खरा उतरती है। इसमें पोटैशियम आयोडाइड भी मौजूद है। पोटैशियम आयोडाइड आमतौर पर कंपनी द्वारा एडिबल कॉमन साल्ट में जोड़ा जाता है ताकि आयोडीन मिनरल उपलब्ध कराया जा सके, और इसके मौजूदगी को देखा गया। एक्युरेसी में मॉइश्चराइज़र्स की भी मौजूदगी नजर आई, जो नमक के लिए आवश्यक है।

टाटा साल्ट टेस्ट में शुद्धता और क्वालिटी में कोई मिस्टेक नहीं आई नजर

टाटा साल्ट की प्योरिटी की बात करें तो इन्सोल्युबल मैटर की भी टेस्टिंग की गई। यह परीक्षण यह सुनिश्चित करता है कि नमक में ऐसे मैटेरियल्स नहीं हों जो पानी में घुल नहींते, जैसे कि इंप्योरिटीज। क्ले टेस्टिंग में फाइन और पाउडर प्रेज़ेंट नहीं पाया गया। इसके अलावा, टाटा साल्ट की क्वालिटी की टेस्टिंग में भी कोई एक्सट्रेनियस मैटर नहीं पाया गया। ये पार्टिकल्स नमक के पैकिंग के दौरान आ सकते हैं, लेकिन इस नमक में कुछ भी नहीं पाया गया। हेवी मेटल्स की टेस्टिंग में भी यह पास हुआ, केवल मरकरी मिली, लेकिन वह भी सुरक्षित सीमा के अंदर था।

टाटा साल्ट टेस्ट में इस नमक को सुरक्षित पाया गया है, जिसका लोग दशकों से उपयोग कर रहे हैं।

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